योशू की स्मृति में इकतीस राजा
धुप ढलने लगी थी, और गिलगाल के शिविर में आग की लपटों के चारों ओर बूढ़े योशू का घेरा सिमट आया था। हवा में भुनी हुई मछली और धूल की सुगंध थी। नए युवा सैनिक, जिनके हाथों पर अभी तलवार…
पवित्रता का पाठ
धूप चट्टानों पर तप रही थी, और हवा में धूल के महीन कण तैरते दिखाई देते थे। एलियाकीम अपने खेमे के बाहर एक पत्थर पर बैठा, अपनी हथेलियों को देख रहा था। उसके सिर के बाल उलझे हुए थे, और…
पवित्र सेवा का भार
सूरज ढलने लगा था, और मरुभूमि की लालिमा मिश्कान के सफेद बने तम्बू पर पड़ रही थी। हारून अपनी कुटिया के सामने बैठा, हाथों पर नज़र गड़ाए थे। ये वही हाथ थे जिन्होंने धूप-वेदी पर धूनी चढ़ाई थी, जो प्रायश्चित…
कोढ़ नहीं, केवल एक दाग
उस सुबह सूरज की पहली किरण ने जंगली जैतून के पेड़ों को सुनहरा रंग दिया था, पर एलियाकीम की नज़र अपनी बांह पर थी। एक दाग, बस थोड़ा सा, गुलाबी और बेखबर, त्वचा से थोड़ा उभरा हुआ। उसने उंगली से…
सिनाई पर नियमों की यात्रा
सिनाई की उस रेगिस्तानी धरती पर हवा भी जैसे थम सी गई थी। दोपहर की तीखी धूप चट्टानों से टकराकर एक तपिश भरी लहर में फैल रही थी। एलीएजर, जो अभी बीस बरस का ही था, अपने पिता के मेमनों…
पोतीपर की पत्नी और यूसुफ की परीक्षा
वो दिन आम दिनों जैसा ही शुरू हुआ था। मिस्र की धूप तेज थी, और हवा में रेत के महीन कण तैर रहे थे। यूसुफ ने आँगन में खड़े होकर एक लम्बी साँस ली। पोतीपर का घर, जहाँ वह सेवक…
महाप्रलय और अनुग्रह का सन्दूक
वह आखिरी दिन शुरू हुआ था सामान्य सी सुबह से। आकाश में बादल तैर रहे थे, पर कोई भयावह संकेत नहीं था। नूह की पीठ थोड़ी झुक गई थी इतने वर्षों के श्रम से, पर उसकी आँखों में वही दृढ़ता…
समुद्र से उठा पशु
समुद्र का किनारा वैसा ही था, जैसा सदियों से रहा आया था – अनंत, गहरा, और रहस्यों से भरा। मछुआरे अपनी दैनिक दिनचर्या में लगे थे, और आकाश में चीलें चीख रही थीं। पर उस दिन, हवा में एक अजीब…
विश्वास और कर्म की कहानी
गर्मियों की एक दोपहर थी। सूरज ऐसे तप रहा था मानो आकाश की छत टिन की हो। गाँव के छोटे से चर्च के अंदर हवा जमीन पर बैठी हुई लगती थी, एक स्थिर, भारी गर्मी का आगार। पंखा ऊपर, छत…
प्रकाश की प्रतीक्षा में दीया
यह कहानी उस समय की है जब सर्दियों की ठंड हवा में तैर रही थी और थिस्सलुनीका की पहाड़ियों पर शाम का सूरज तांबे जैसा लाल होकर डूब रहा था। एक छोटा-सा घर, जिसकी दीवारें मिट्टी की थीं, शहर के…



















